जिला विकास अधिकारी,मुजफ्फरनगर
कार्यालयाध्यक्ष का पदनाम जिला विकास अधिकारी
विभाग का पताकार्यालय जिला विकास अधिकारी
प्रथम तल, विकास भवन,
मुजफ्फरनगर।
दूरभाष 0131–2621468
फैक्स 0131–2622464
ई–मेल drda-muz@nic.in
विभागध्यक्ष का पदनाम आयुक्त,
ग्राम्य विकास, उत्तर प्रदेश,
10वां तल जवाहर भवन
लखनऊ।
दूरभाष/फैक्स 0522–2286025
ई–मेल crd-up@nic.in
विभाग की वैबसाईट www.rd.up.nic.in
जन सूचना अधिकरी का नाम श्री आर0एस0चौरसिया,
जिला विकास अधिकारी
सहायक जन सूचना अधिकारी श्री जयसिंह,
का नाम वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी
अपीलीय अधिकारी का पदनाम संयुक्त विकास आयुक्त
सहारनपुर मंडल, सहारनपुर।
कार्यालय जिला विकास अधिकारी,मुजफ्फरनगर के माध्यम से संचालित विभिन्न विकास योजनाओं का संक्षिप्त विवरण।
राष्ट्रीय बायोगैस विकास कार्यक्रम:–
राष्ट्रीय बायोगैस विकास कार्यक्रम अपारम्परिक ऊर्जा स्रोत मन्त्रालय भारत सरकार का महत्वपूर्ण कार्यक्रम है। जो भारत सरकार द्वारा शत–प्रतिशत वित्त पोषित है। योजनान्तर्गत लाभार्थी को निम्नवत् अनुदान भुगतान की दर निर्धारित है।
क्र0सं0 लाभार्थी श्रेणी केन्द्रीय अनुदान की धनराशि प्रति संयन्त्र
1 2 3
1 अनसूचित जाति/जनजाति , लघु एवं सीमान्त कृषक तथा भूमिहीन श्रमिक रू0 3500/– किन्तु 1 घनमीटर क्षमता के फिक्स्ड डोम टाईप बायोगैस संयन्त्र पर रू0 2800/–
2 अन्य समस्त क्रमांक 1 के लाभार्थी को छोडकर रू0 2700/– किन्तु 1 घनमीटर क्षमता के फिक्स्ड डोम टाईप बायोगैस संयन्त्र पर रू0 2100/–
टर्नकी पद्वति के माध्यम से बायोगैस संयन्त्रों का निर्माण कराये जाने पर लगातार 3 वर्षो तक बायोगैस संयन्त्रों की क्रियाशीलता का दायित्व टर्नकी एजेन्सी का होता है। इसके लिए भारत सरकार द्वारा सम्बन्धित को रू0 700/– प्रति संयन्त्र की दर से टर्नकी जॉब फीस का भुगतान किये जाने का प्रविधान किया गया है।
पेयजल कार्यक्रम:–
जनपद के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल का मुख्य स्रोत इण्डिया मार्क’–2 हैण्ड पम्प है। भारत सरकार द्वारा निर्धारित मानक 250 व्यक्ति प्रति हैण्ड पम्प से जनपद की समस्त बस्तियॉ स्वच्छ पेयजल से आच्छादित है। वर्तमान में प्रदेश सरकार द्वारा समस्त बस्तियों का 100 व्यक्ति प्रति हैण्ड पम्प से लाभान्वित किये जाने का लक्ष्य निर्धारित है। साथ ही एक हैण्ड पम्प से दूसरी हैण्ड पम्प के बीच 75 मीटर दूरी का मानक भी निर्धारित है। वर्तमान में दोनो मानकों के दृष्टिगत हैण्ड पम्पों का कार्य प्रस्तावित है।
जनपद में कुछ बस्तियॉ गुणता प्रभावित चिन्हित है जिनमें आयरन लोराईड एवं कुल खनिज की मात्रा मानक से अधिक पायी गयी है, में 40 लीटर प्रति व्यक्ति के आधार पर पाईप योजना द्वारा पेयजल उपलब्ध कराये जाने का प्राविधान है।
जनपद की 2001 की जनसंख्या के आधार पर 10,000 की जनसंख्या एवं उससे अधिक जनसंख्या वाले ग्रामों में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने हेतु पाईप पेयजल योजना के बनाये जाने का प्रस्ताव है।
अम्बेडकर विशेष रोजगार योजना:–
इस योजना के अन्तर्गत ग्रामीण क्षेत्रों के ए0पी0एल0 परिवारों के बेरोजगार व्यक्तियों को स्वरोजगार दिलाया जाता है। योजना की लागत रू0 36,000/– से कम किसी भी दशा में नही है। सामान्य जाति के व्यक्ति को परियोजना का अधिकतम रू07500/– तथा अनुसूचित जाति के व्यक्ति को अधिकतम रू010,000/– तक राज्य सहायता/शासकीय अनुदान देय है। लाभार्थीर् को स्वयं परियोजना का 5 प्रतिशत धनराशि लाभार्थी के खाते में जमा करानी होती है। शेष राशि बैक ऋण के रूप में होती है। परियोजना के अन्तर्गत चयनित/निर्धारित एवं स्थानीय आवश्यकता के अनुसार स्वरोजगार इकाई स्थापित की जाती है।
जिला विकास अधिकारी
मुजफ्फरनगर।