अधिशासी अभियन्ता, निर्माण खण्ड, उ0प्र0 जल निगम, मुजफ्फरनगर
विभागाध्यक्ष– श्री आर0 के0 वाजपेयी, अधिशासी अभियन्ता
विभाग का पता– 464/47, सिविल लाईन (कम्पनी बाग के पीछे), मुजफ्फरनगर
दूरभाष– 0131–2620747, फैक्स–0131–2622009ई–मेल एडे्रस– upjnmzn@yahoo.com
जनसूचना अधिकारी का नाम:– श्री आर0 के0 वाजपेयी, अधिशासी अभियन्ता
सहायक जनसूचना अधिकारी का नाम:– श्री के0 पी0 सिंह, सहायक अभियन्ता
अपीलीय अधिकारी का नाम– श्री गिरीश चन्द्रा, अधीक्षण अभियन्ता
मुख्यालय का पता– 6–राणा प्रताप मार्ग, उ0प्र0 जल निगम, लखनऊ
दूरभाष नं0–
फैक्स नं0– 0522–2626497
ई–मेल एड्रेस– mdupjn@yahoo.co.in
विभाग की वेबसाईट– upjn.org
उ0 प्र0 जल निगम विभाग के कार्या की विशिष्टतया
हैण्डपम्प
जनपद में सामान्यत: प्रथम स्टे्रटा पर निजी हैण्डपम्प अधिष्ठापित है वर्तमान में प्रथम स्टे्रटा के हैण्डपम्प के दूषित होने के कारण तथा / अथवा जल स्तर गिरने के कारण ये हैण्डपम्प अकार्यकारी हो गये है ।
ग्रामीण क्षेत्रों में सामान्तया पेयजल आपूर्ति हैण्डपम्प के माध्यम से की जाती है । शासन द्वारा शुद्ध पेयजल ग्रामीण जनता को उपलब्ध कराने के दृष्टि से द्वितीय जल स्तर को टेय करते हुए । इण्डिया मार्क–2 हैण्डपम्प अधिष्ठापन का किया जाना प्रस्तावित किया गया है । इस कार्य को जल निगम विभाग (90प्रतिशत ) एवं विभाग (10 प्रतिशत ) के रुप में कर रहा है।
शासन द्वारा पूर्व में माननीय जनप्रतिनिधियों की सस्तुति पर हैण्डपम्प अधिष्ठापित कराये गये । इन प्रस्तावों में 50प्रतिशत अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति बस्तियों में लगाये जाने का प्राविधान रहा है।
वर्तमान में शासन द्वारा की निम्न नीतिया हैण्डपम्प अधिष्ठापन हेतु निम्न मानक तय किये गये :–
1– सामान्य बस्ती में 100 व्यक्तियों पर एक हैण्डपम्प का प्राविधान
2– अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति में 70 व्यक्तियों पर एक हैण्डपम्प का प्राविधान
3– एक हैण्डपम्प से दूसरे हैण्डपम्प की दूरी न्यूनतम 75 मी0 का निर्धारण
4– एक मात्र सार्वजानिक स्थल पर हैण्डपम्प अधिष्ठापित किया जाना
वर्तमान में उक्त मानक के अनुरुप हैण्डपम्प अधिष्ठापित कराये जा रहै है
ग्रामीण क्षेत्रों में पूर्व में अधिष्ठापित जो हैण्डपम्प स्थाई रुप से खराब हेा गये है,उनके रिबोर का कार्य भी विभाग द्वारा कराया जाता है ।
पाइप पेयजल योजना
ग्रामीण क्षेत्र में ऐसी बस्ती एवं ग्राम जिनका पेयजल दूषित पाया गया है ,उन क्षेत्रों में गहरे नलकूप द्वारा पाइप पेयजल येाजना का निर्माण कर एवं शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जाता है।
इसके अतिरिक्त शासन के निर्देशानुसार 5 हजार से अधिक जनसंख्या वाले ग्रामों में 10 प्रतिशत जनसहभागिता की धनराशि लेते हुए येाजना का क्रियान्वन कराया जा रहा है।
जल परीक्षण
ग्रामीण क्षेत्रों में शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने को सुनिश्चित करने की दृष्टि से जल परीक्षण प्रयोगशाला स्थापित है । यहा पर अधिष्ठापित किये जा रहे। जल स्त्रोत के जल का नियमित रुप से परीक्षण किया जाता है । मानक के अनुरुप जल के स्त्रोत को ही सार्वजनिक रुप से प्रयोग हेतु जनता को उपलब्ध कराया जाता है । उल्लेखनीय है कि जनपद मुजफ्फरनगर के पेयजल स्त्रोत वर्तमान में आर्सनिक रसायन की अशुद्धि से मुक्त है ।वर्तमान में शासनादेश के अनुसार अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के लिए शासनादेश के अनुसार 70 व्यक्ति की आबादी पर 75 मी0 की दूरी के साथ हैण्डपम्प अधिष्ठापित किये जा रहे है। सामान्य जाति के लिए 100 व्यक्ति की आबादी पर 75 मी0 की दूरी के साथ हैण्डपम्प अधिष्ठापित किये जा रेह है।
विभाग द्वारा वर्तमान वित्तीय वर्ष मे कराये गये भौतिक कार्यो का विवरणप्रमाण पत्र
‘‘प्रमाणित किया जाता है कि अधोहस्ताक्षरी द्वारा उपलब्ध करायी गयी जानकारी विभागीय रिकार्ड के अनुसार त्रुटिरहित है। सी0डी0 में दी गई सूचना को जनपद की वेबसाइट पर प्रकाशित करा दिया जाये’’
अधिशासी अभियन्ता
निर्माण खण्ड, उ0प्र0 जल निगम, मुजफ्फरनगर